Kondagaon News: आसमती ने कहा कि गोद में बच्चा किसे अच्छा नहीं लगेगा. लोग औलाद पाने के लिए क्या-क्या नहीं करते हैं. उस जिंदगी और इस जिंदगी में बहुत फर्क है. अब हम अपने परिवार और रिश्तेदारों से आसानी से मिल सकते हैं.
सरेंडर के बाद बदल रहा नक्सलियों का जीवन, पूरा हो रहा परिवार और औलाद का सपना
