यहां अग्नि को नहीं, जल को देवता मानकर 7 फेरे लेते हैं लोग, अनोखी है बस्तर की ‘गुड़ा-गुड़ी’ परंपरा!
Bastar News: धुरवा समाज में ममेरे-फुफेरे भाई-बहनों के बीच विवाह हो सकता है. समाज में इस तरह की शादी को ‘गुड़ा-गुड़ी’ नाम दिया गया है. इसे काफी शुभ माना जाता है.
