छत्तीसगढ़

क्या है भादोम जात्रा? रिमांड पर क्यों रखे जाते हैं देवी-देवता, जानें भंगाराम माई दरबार की अनोखी परंपरा

आपने इंसानों की अदालत तो खूब देखी होगी जहां अपराध के आरोप लगते हैं. गवाह पेश होते हैं. और फिर सजा सुनाई जाती है. लेकिन क्या आपने कभी ऐसी अदालत देखी है, जहां आरोपी इंसान नहीं, बल्कि देवी-देवता होते हैं. जहां उनके सालभर की परफॉर्मेंस का हिसाब होता है और शिकायत सही मिलने पर उन्हें सजा तक सुनाई जाती है. बस्तर के कोंडागांव में हर साल लगने वाली भंगाराम माई की देव अदालत ऐसी ही अनोखी परंपरा की गवाही देती है. हर साल लगने वाली इस अदालते के लिए भादोम जात्रा निकलती है.